चित्रा पटेल | रायपुर। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित रहे सुकमा जिले के अंदरूनी इलाकों में शनिवार को राष्ट्रीय एकता का संदेश गूंजा। कभी नक्सली गतिविधियों के लिए पहचाने जाने वाले पुवर्ती, गोगुंडा, गोलापल्ली और किस्टाराम जैसे इलाकों में सुरक्षा बलों के जवानों के साथ ग्रामीणों ने बैठकर राष्ट्रीय एकता परेड का सीधा प्रसारण देखा। इस दौरान सुरक्षा कैंपों और गांवों में ‘भारत माता की जय’ के नारे गूंजते रहे।

लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती यानी राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर गुजरात के एकता नगर में आयोजित राष्ट्रीय एकता परेड-2026 का सुकमा जिले में व्यापक स्तर पर लाइव प्रसारण किया गया। प्रधानमंत्री की उपस्थिति में आयोजित इस कार्यक्रम को जिले के 102 स्थानों पर बड़ी स्क्रीन, टीवी और प्रोजेक्टर के माध्यम से दिखाया गया।

पुलिस अधीक्षक मयंक गुर्जर के निर्देश पर शनिवार शाम 5:30 बजे से थानों, सुरक्षा कैंपों, पोटाकेबिन और छात्रावासों में विशेष व्यवस्था की गई थी। पुलिस के मुताबिक, इस आयोजन में करीब 18 से 20 हजार सुरक्षा बल के जवानों, स्कूली बच्चों और आम नागरिकों ने सहभागिता की।

शारदा सिनेमा में जुटे प्रशासन और पुलिस के अधिकारी
जिला मुख्यालय स्थित शारदा सिनेमा में विशेष स्क्रीनिंग आयोजित की गई। यहां कलेक्टर अमित कुमार, सीआरपीएफ के डीआईजी आनंद राज पुरोहित और एसपी मयंक गुर्जर सहित प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। जनप्रतिनिधि दीपिका शोरी, धनीराम बरसे, पत्रकारों और बड़ी संख्या में शहरवासियों ने भी एक साथ परेड का सीधा प्रसारण देखा।

जवानों और ग्रामीणों ने साझा किया राष्ट्रीय एकता का संदेश
आयोजन का खास पहलू जिले के अंदरूनी और संवेदनशील क्षेत्रों में ग्रामीणों की भागीदारी रही। पुवर्ती, गोगुंडा, गोलापल्ली और किस्टाराम के सुरक्षा कैंपों में स्थानीय ग्रामीण जवानों के साथ बैठकर परेड देखते नजर आए। इससे सुरक्षा बलों और स्थानीय नागरिकों के बीच आपसी संवाद और सहभागिता को मंच मिला।

पुलिस के अनुसार, सभी 102 आयोजन स्थलों पर बैठने, छाया और पेयजल की व्यवस्था की गई थी। कार्यक्रम के माध्यम से लोगों को देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता बनाए रखने का संदेश दिया गया।

सुकमा पुलिस के इस आयोजन में जिला मुख्यालय से लेकर अंदरूनी गांवों तक सुरक्षा बलों, विद्यार्थियों और आम नागरिकों की भागीदारी देखने को मिली। राष्ट्रीय एकता दिवस पर आयोजित इस सामूहिक कार्यक्रम ने जिले में शांति, सद्भाव और जनभागीदारी का संदेश दिया।