दुर्ग : 24मार्च 2026,जिला अस्पताल दुर्ग ने एक बार फिर उत्कृष्ट स्वास्थ्य सेवाओं का परिचय देते हुए महज 900 ग्राम वजन के समयपूर्व जन्मे नवजात शिशु को नई जिंदगी देने में सफलता हासिल की है। अंजोरा निवासी ममता जांगड़े एवं शेखर के यहां 4 फरवरी 2026 को सामान्य प्रसव के जरिए जन्मे इस शिशु की हालत जन्म के समय अत्यंत गंभीर थी और उसे सांस लेने में गंभीर परेशानी हो रही थी।जांच के दौरान शिशु में रेस्पिरेटरी डिस्ट्रेस सिंड्रोम (RDS) की पुष्टि हुई, जिसके बाद उसे तुरंत विशेष नवजात शिशु देखभाल इकाई (SNCU) में भर्ती कर वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया। SNCU इंचार्ज डॉ. Y. किरण कुमार के नेतृत्व में शिशु को सर्फैक्टेंट थेरेपी दी गई, जिसमें डीएनबी रेजिडेंट डॉ. हेमंत सिंह ने सहयोग किया।उपचार के दौरान शिशु को आवश्यकता अनुसार रक्त (PRBCs), IV एंटीबायोटिक्स एवं अन्य आवश्यक दवाएं दी गईं। साथ ही नियमित ROP स्क्रीनिंग, पोषण प्रबंधन और सतत मॉनिटरिंग के जरिए शिशु की स्थिति पर लगातार नजर रखी गई।

करीब 50 दिनों तक चली गहन देखभाल और समर्पित प्रयासों के बाद शिशु की हालत में लगातार सुधार हुआ। अब शिशु पूरी तरह स्वस्थ है और उसका वजन बढ़कर 1.8 किलोग्राम हो गया है, जिसके बाद उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।इस सफलता में शिशु रोग विभाग के प्रमुख डॉ. आर. के. मल्होत्रा, डॉ. हेमंत कुमार साहू, डॉ. Y. किरण कुमार, डॉ. आशीष साहू, डॉ. पूजा, डॉ. आलोक सहित समस्त नर्सिंग स्टाफ एवं सहयोगी कर्मचारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।जिला अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. आशीषन मिन्ज ने इस उपलब्धि पर पूरी SNCU टीम को बधाई देते हुए इसे समर्पण, विशेषज्ञता और टीमवर्क का बेहतरीन उदाहरण बताया।