रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता नलिनीश ठोकने ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा मुख्य चुनाव आयुक्त, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह पर लगाए गए निराधार आरोपों पर कड़ा पलटवार किया है। ठोकने ने कहा कि भूपेश बघेल और उनकी पार्टी का यह पुराना चरित्र रहा है कि जब भी जनता उन्हें चुनावों में नकारती है, वे ईवीएम, चुनाव आयोग और संवैधानिक संस्थाओं पर ठीकरा फोड़कर अपनी जिम्मेदारी से भागने लगते हैं।

भाजपा प्रदेश प्रवक्ता ठोकने ने कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव सहित छत्तीसगढ़, राजस्थान और अन्य राज्यों में जनता ने प्रधानमंत्री मोदी की जनकल्याणकारी नीतियों और सुशासन पर विश्वास जताते हुए भाजपा को ऐतिहासिक जनादेश दिया है। इस स्पष्ट जनादेश को ‘वोट चोरी’ और ‘डकैती’ बताना भारत के करोड़ों मतदाताओं के विवेक और देश के लोकतंत्र का सीधा अपमान है। कांग्रेस को यह स्वीकार कर लेना चाहिए कि जनता अब उनके झूठ, परिवारवाद और तुष्टीकरण की राजनीति को सिरे से खारिज कर चुकी है। मतदाता सूची से नाम कटने और एसआईआर को लेकर बघेल के बयानों को हास्यास्पद बताते हुए श्री ठोकने ने कहा कि मतदाता सूची का पुनरीक्षण और शुद्धिकरण एक सतत एवं पारदर्शी संवैधानिक प्रक्रिया है। फर्जी और अवैध मतदाताओं की पहचान कर सूची को पारदर्शी बनाना निर्वाचन आयोग का दायित्व है। ठोकने ने सवाल किया कि यदि घुसपैठियों, फर्जी नामों और अपात्र लोगों की पहचान कर नियमों के तहत कार्रवाई की जा रही है, तो इसमें कांग्रेस पार्टी को इतनी घबराहट और पीड़ा क्यों हो रही है? क्या कांग्रेस केवल फर्जी मतदाताओं के सहारे ही राजनीति करना चाहती है?2