रायपुर छत्तीसगढ़ : छत्तीसगढ़ पुलिस की बड़ी उपलब्धि, इराक भागने के चक्कर में थे बांग्लादेशी, मुंबई से छत्तीसगढ़ पुलिस ने घर दबोचा।
छत्तीसगढ़ पुलिस की बड़ी उपलब्धि, रायपुर SSP लाल उपेद सिंह ने की खुलासा,छत्तीसगढ़ एटीएस ने आज तीन संदिग्घ बंगलादेशी को इराक भागने के दौरान मुंबई एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लिया, इन तीनों ने फर्जी अंक सूची के आधार पर रायपुर के पते से पासपोर्ट बनवा लिया था।एटीएस ने ट्रांजिट रिमांड पर कुछ देर पहले तीनों को लेकर रायपुर पहुंची है।
संदिग्ध बंगलादेशी के नाम इस प्रकार हैं :-
1. मोहम्मद इस्माईल पिता शेख शमसुद्दीन 27वर्ष, मूलनिवासी नाभरन, जिला जैसोर, प्रांत खुलना, बांग्लादेश, वर्तमान पता मिश्रा बाड़ा, ताजनगर टिकरापारा, रायपुर
2. शेख अकबर पिता शेख शमसुद्दीन 23वर्ष मूलनिवासी नाभरन,जिला जैसोर,प्रांत खुलना, बांग्लादेश , वर्तमान पता मिश्रा बाड़ा, ताजनगर टिकरापारा, रायपुर
3. शेख साजन पिता शेख शमसुद्दीन 22 वर्ष मूलनिवासी नाभरन,जिला जैसोर,प्रांत खुलना, बांग्लादेश , वर्तमान पता मिश्रा बाड़ा, ताजनगर टिकरापारा, रायपुर
उपरोक्त तीनों संदिग्ध बांग्लाभाषी सगे भाई हैं, तीनों कबड्डी का काम करते थे,उनके परिवार नागपुर में भी है। रायपुर के टिकरापारा में मिश्रा बाड़ा निवासी इन तीनों व्यक्तियों द्वारा फर्जी दस्तावेज बनवाकर अचानक 26-1-25 बगदाद (इराक) जाने के हावड़ा मुंबई मेल ट्रेन से मुंबई पहुँचने की सूचना प्राप्त होने पर इन्हें एटीएस छत्तीसगढ़ रायपुर द्वारा एटीएस मुंबई नागपाड़ा यूनिट के सहयोग से पायधुनी इलाके से पकड़ा गया है, इनके पास से भारतीय पासपोर्ट, आधार कार्ड, पेन कार्ड, वोटर आईडी कार्ड के साथ ही बगदाद का वीजा बरामद किया गया, संदिग्धों से पूछताछ के दौरान उन्होंने बताया कि वे तीनों जियारत के बहाने बगदाद जाकर छिपकर रुकने वाले थे, वापस भारत नहीं आने वाले थे।
उपरोक्त तीनों व्यक्तियों द्वारा रायपुर में रहने के दौरान भारतीय दस्तावेज आधार, पैनकार्ड और वोटर आईडी कार्ड बनवाया गया है, यूसीसी लागू होने और भारत में पकड़े जाने के डर से जन्मतिथि के प्रमाण पत्र के लिए फर्जी मार्कशीट, सत्कार कम्प्यूटर के संचालक मोहम्मद आरिफ बनवाया था, अब इन तीनों पर छत्तीसगढ़ पुलिस ने मामला दर्ज कर पछता जारी कर रही है।