रायपुर, 27मई 2026। मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। कैबिनेट ने प्रशासनिक सुधार, राजस्व वृद्धि और विकास कार्यों को गति देने से जुड़े प्रस्तावों को मंजूरी प्रदान की।कैबिनेट ने राज्य के विभिन्न विभागों, निगमों, मंडलों और स्थानीय निकायों में जमा स्क्रैप एवं अनुपयोगी सामग्री के पारदर्शी निस्तारण के लिए भारत सरकार के उपक्रम Metal Scrap Trade Corporation Limited (एमएसटीसी) के साथ सेलिंग एजेंसी अनुबंध की अवधि आगामी तीन वर्षों के लिए बढ़ाने का निर्णय लिया। नवंबर 2019 से लागू यह अनुबंध 31 मई 2026 को समाप्त होने वाला था। एमएसटीसी के ई-नीलामी प्लेटफॉर्म के माध्यम से देशभर के खरीदार प्रतिस्पर्धी बोली लगाकर स्क्रैप खरीद सकेंगे, जिससे राज्य को बेहतर मूल्य मिलने के साथ पारदर्शिता भी सुनिश्चित होगी।

मंत्रिपरिषद ने छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मंडल को सामान्य प्रशासन विभाग के अधीन लाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दे दी। इसके लिए “छत्तीसगढ़ शासन कार्य (आवंटन) नियम” में संशोधन किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि “छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मंडल अधिनियम, 2026” लागू होने के बाद पूर्व के छत्तीसगढ़ व्यावसायिक परीक्षा मंडल का विलय नए कर्मचारी चयन मंडल में हो चुका है।बैठक में सड़क निर्माण कार्यों को प्रभावित होने से बचाने के लिए भी महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया।
कैबिनेट ने 1 अप्रैल 2026 से 30 जून 2026 की अवधि के लिए बिटुमिन (डामर) की कीमतों में हुई असाधारण वृद्धि को देखते हुए अनुबंधित ठेकेदारों को सीमित एवं आंशिक मूल्य राहत (क्षतिपूर्ति) देने का फैसला किया। यह राहत केवल बिटुमिन की कीमतों में बढ़ोतरी के प्रभाव को कम करने के लिए निर्धारित फार्मूले के आधार पर दी जाएगी।सरकार का मानना है कि वैश्विक परिस्थितियों और पेट्रोलियम उत्पादों की बढ़ती कीमतों के कारण सड़क निर्माण और संधारण कार्य प्रभावित हो सकते थे। ऐसे में यह निर्णय विकास कार्यों की निरंतरता बनाए रखने और जनता को समय पर बेहतर सड़क सुविधाएं उपलब्ध कराने में सहायक होगा।