राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले में शादी के नाम पर ठगी करने वाले एक संगठित गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। थाना बसंतपुर क्षेत्र के सृष्टि कॉलोनी में “लव लाइफ रिश्ते मैरिज ब्यूरो” के नाम से संचालित इस फर्जी कार्यालय से युवकों को झांसा देकर हजारों रुपये ऐंठे जा रहे थे।
मामले का खुलासा तब हुआ जब अंकिता शर्मा (पुलिस अधीक्षक) को अज्ञात सूत्रों से इसकी सूचना मिली। इसके बाद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर और नगर पुलिस अधीक्षक वैशाली जैन द्वारा प्रारंभिक जांच की गई, जिसमें ठगी के पुख्ता सबूत मिले।
जांच के बाद थाना बसंतपुर में मामला दर्ज कर पुलिस टीम गठित की गई। थाना प्रभारी निरीक्षक एमन साहू के नेतृत्व में छापेमारी कर मौके से 07 एंड्रॉइड मोबाइल और 14 की-पैड मोबाइल जब्त किए गए।
2286 लड़कियों की फोटो से बनाया जाल
मोबाइल की जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ—आरोपियों के पास 2286 युवतियों की तस्वीरें डाउनलोड थीं। इन तस्वीरों से फर्जी प्रोफाइल बनाकर युवकों को भेजा जाता था और उन्हें शादी का झांसा दिया जाता था।
30-40 हजार तक की वसूली, फिर नंबर बंद
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी रजिस्ट्रेशन, पैकेज और मीटिंग के नाम पर युवकों से 30 से 40 हजार रुपये तक वसूलते थे। पैसा मिलने के बाद किसी न किसी बहाने से संपर्क तोड़ दिया जाता था।
पुलिस ने इस संगठित ठगी के मामले में आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं और आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर दिया है।
पुलिस टीम की सराहनीय कार्रवाई
इस पूरे ऑपरेशन में निरीक्षक एमन साहू सहित उप निरीक्षक देवदास भारती, प्रधान आरक्षक दीपक जायसवाल, मेनका साहू, सीमा जैन, आरक्षक प्रवीण मेश्राम, कुश बघेल, अतहर अली और आशीष मानिकपुरी की अहम भूमिका रही।
पुलिस की अपील
राजनांदगांव पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी ऑनलाइन मैरिज ब्यूरो, सोशल मीडिया या व्हाट्सएप पर मिलने वाले विवाह प्रस्तावों पर बिना सत्यापन के भरोसा न करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।