रायपुर : छत्तीसगढ़ के सरकारी कर्मचारियों ने राज्य सरकार द्वारा बढ़ाए गए 6 प्रतिशत महंगाई भत्ते से असहमत होते हुए छत्तीसगढ़ कर्मचारी-अधिकारी फेडरेशन के बैनर तले सोमवार 22 अगस्त से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने की घोषणा कर दी है। फेडरेशन को करीब 91 कर्मचारी संगठन के लोग अपना समर्थन दे रहे हैं। फेडरेशन दो सूत्रीय मांग को लेकर प्रदेश के लगभग पांच लाख कर्मचारी एवं अधिकारी सोमवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर रहेंगे। वहीं छत्तीसगढ़ कर्मचारी-अधिकारी महासंघ और छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन, शालेय शिक्षक संघ और नवीन शिक्षक संघ ने अपना समर्थन देने से इनकार किया है। फेडरेशन के आव्हान पर हड़ताल में जाने वाले कर्मचारियों ने विभागाध्यक्षों को इसकी सूचना दे दी गई है।
महंगाई भत्ते की लंबित किश्त और सातवें वेतनमान की तरह एचआरए की मांग को लेकर छत्तीसगढ़ कर्मचारी-अधिकारी फेडरेशन के नेतृत्व में 22 अगस्त को होने वाली अनिश्चितकालीन हड़ताल को लेकर तैयारी पूरी हो चुकी है। विभिन्न विभागों में कार्यरत इन संगठन के लोगों ने इसमें शामिल होने के लिए अपना समर्थन देते हुए विभागध्यक्ष को इसकी सूचना दे दी है। यह पहली बार होगा कि सरकारी कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर इतना बड़ा आंदोलन करने की घोषणा की है। इसके पूर्व 25 से 29 जुलाई तक कलम बंद हड़ताल की गई थी। इस दौरान सरकारी कामाकाज ठप रहा। राज्य के कर्मचारियों को अब तक 22 प्रतिशत डीए मिल रहा था। राज्य सरकार ने कर्मचारियों की मांग पर 6 प्रतिशत डीए बढ़ाने का ऐलान किया, इससे डीए 28 प्रतिशत हो गया। राज्य के कर्मचारी अब भी केंद्र के कर्मचारियों से 6 प्रतिशत पीछे चल रहे हैं।
दो दौर की चर्चा के बाद नहीं निकला हल
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कर्मचारी संगठनाें से चर्चा कर इसका हल निकालने सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव कमलप्रीत सिंह और डीडी सिंह को जिम्मेदारी सौंपी थी। दो दौर की चर्चा के बाद मुख्यमंत्री से कर्मचारी संगठन के लोगों की मुलाकात कराई गई। इनमें से कुछ संगठन के लोगों ने मुख्यमंत्री के 6 प्रतिशत बढ़ाने के प्रस्ताव पर सहमति दे दी, पर छत्तीसगढ़ कर्मचारी-अधिकारी फेडरेशन, जिसे राज्य के 91 संगठनों का समर्थन है, उसने इस प्रस्ताव को मानने से इनकार कर दिया। छत्तीसगढ़ कर्मचारी-अधिकारी फेडरेशन के संयोजक कमल वर्मा ने बताया कि फेडरेशन द्वारा इसकी सूचना दिए जाने के बाद भी अब तक कोई पहल नहीं की गई है। फेडरेशन ने प्रदेश के मुख्यमंत्री से कर्मचारियों की मांगों पर शीघ्र निर्णय लिए जाने की अपील की है।
इन संगठनों का समर्थन
राज्य के न्यायिक सेवा के कर्मचारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार ने फेडरेशन के साथ मांगों को लेकर हड़ताल पर रहने का निर्णय लिया है। राज्य के कलेक्टर कार्यालय, पीडब्ल्यूडी, खनिज, पीएचई, स्कूल शिक्षा, कोषालय, स्वास्थ्य, सिंचाई, नवा रायपुर के समस्त संचालनालय एवं इंद्रावती भवन, लोक सेवा आयोग, आरटीओ, जनपद, कृषि, वन विभाग, समाज कल्याण विभाग सहित 52 विभिन्न विभागों के कर्मचारी अधिकारी हड़ताल पर रहेंगे, जिससे उक्त विभागों, आयोग एवं निगम मंडलों में भी कामकाज ठप रहेगा।
हड़ताल में ये शामिल नहीं
छत्तीसगढ़ कर्मचारी-अधिकारी महासंघ के प्रांतीय संयोजक अनिल शुक्ला ने बताया कि महासंघ से संबद्ध शासन से मान्यता एवं गैर मान्यता प्राप्त 32 कर्मचारी-अधिकारी संगठन इसमें शामिल नहीं होंगे। वहीं छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष संजय शर्मा, शालेय शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र दुबे, नवीन शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष विकास राजपूत ने कहा, 22 अगस्त के अनिश्चितकालीन आंदोलन में शिक्षक संवर्ग शामिल नहीं होगा।