रायपुर, 14 जुलाई 2026/ बदलते डिजिटल दौर में प्रशासनिक कार्यों को और अधिक स्मार्ट, तेज एवं प्रभावी बनाने की दिशा में रायपुर जिला प्रशासन ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देश पर रेडक्रॉस भवन के सभाकक्ष में जिले के समस्त जिला स्तरीय अधिकारियों के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) एवं उसके शासकीय कार्यों में उपयोग विषय पर विशेष प्रशिक्षण सत्र आयोजित किया गया।यह प्रशिक्षण जिले में शासकीय कार्यप्रणाली को डिजिटल रूप से सशक्त और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से संचालित प्रयासों की कड़ी है।

जिले में प्रोजेक्ट दक्ष के तहत अधिकारियों एवं कर्मचारियों को कंप्यूटर एवं मोबाइल के मूलभूत उपयोग, साइबर सुरक्षा, डेटा गोपनीयता, डिजिटल दस्तावेज़ प्रबंधन तथा ई-मेल जैसे आधुनिक डिजिटल टूल्स की व्यावहारिक जानकारी दी जा रही है। इसी श्रृंखला में एआई के व्यवहारिक उपयोग पर पहला विशेष सत्र आयोजित किया गया।प्रशिक्षण का संचालन इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (IIIT), रायपुर के विशेषज्ञ श्री लोकेन्द्र सिरिया ने किया।इस अवसर पर कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने कहा कि आज के समय में नई तकनीक के साथ काम करना जरूरी हो गया है।
एआई का सही और सुरक्षित उपयोग करने से कई कार्यालयीन काम तेजी से और बेहतर तरीके से किए जा सकते हैं। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे इसे अपने काम में सहायक साधन के रूप में अपनाएं और इसका जिम्मेदारी के साथ उपयोग करें।
प्रशिक्षण के दौरान सिरिया ने बताया कि एआई के माध्यम से शासकीय पत्राचार का मसौदा तैयार करना, नोटशीट एवं प्रतिवेदन बनाना, बैठकों का सार-संक्षेप तैयार करना, डेटा विश्लेषण करना तथा कार्यालयीन कार्यों की गति और गुणवत्ता बढ़ाना पहले से कहीं अधिक आसान और प्रभावी हो सकता है।उन्होंने अधिकारियों को एआई के सुरक्षित एवं जिम्मेदार उपयोग के प्रति भी जागरूक किया। उन्होंने कहा कि शासकीय गोपनीय जानकारी, संवेदनशील दस्तावेज़ अथवा व्यक्तिगत डेटा किसी भी सार्वजनिक एआई प्लेटफॉर्म पर साझा नहीं किया जाना चाहिए।
साथ ही एआई से प्राप्त जानकारी का तथ्यात्मक सत्यापन करना तथा इसे निर्णय लेने के बजाय एक सहायक उपकरण के रूप में उपयोग करना आवश्यक है।प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री कुमार बिश्वरंजन सहित जिला स्तरीय अधिकारी एवं अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।