रायपुर : दिनांक 07 जुलाई 2019, पुलिस हिरासत में युवक की मौत पर बीजेपी ने सरकार से दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्यवाई की मांग की है। नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक, बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष विक्रम उसेंडी विधायक सौरभ सिंह और डॉ कृष्णमूर्ति बांधी ने कहा कि “मृतक युवक के खिलाफ पुलिस ने बिना एफआईआर के उसे हिरासत में लिया और लॉकअप में बंद कर प्रताड़ित किया। पुलिस ने युवक के साथ मारपीट की। पुलिस द्वारा जांच समिति को दिए बयान में मृतक ने कंबल की रस्सी बना फाँसी लगाना बताया पर यह सत्य नही है। पुलिस ने उसे मारकर लटकाया है, इस पर दोषी पुलिसकर्मियों पर आईपीसी 302/307 के अंतर्गत अपराध पंजीबद्व किया जाये।
”मामला सूरजपुर जिले के चंदोरा थाने का है जहाँ बीते 26 जून को युवक कृष्णा सारथी ने पुलिस हिरासत में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। पुलिस हिरासत में आत्महत्या से एसपी ने थाना प्रभारी सहित 10 पुलिसकर्मियों को तत्काल निलम्बित किया था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए बीजेपी ने दो सदस्यीय जांच समिति गठित की थी जिसमे विधायक सौरभ सिंह और डॉ कृष्ण मूर्ति बांधी शामिल थे। जांच समिति ने मृतक कृष्णा सारथी के परिजनों से बयान लिया तो उन्होंने इसे पुलिस द्वारा सुनियोजित हत्या बताया। जांच समिति को चन्दोरा पुलिस ने मृतक द्वारा कंबल से फांसी लगाकर मारने की बाते कही, पर तत्कालीन में मीडिया में वायरल हुई फ़ोटो से मामला बीजेपी के आरोपो को बल देता है।
चन्दोरा पुलिस वसूलीबाजी के लिए राज्य में चर्चित है, जिस पर बीते दिनों पुलिस मुखिया ने टीआई को निलंबित किया था। बीजेपी इस मामले को आगामी विधानसभा सत्र में उठाएगी।