रायपुर।पुलिस महानिदेशक अशोक जुनेजा ने सोमवार को पुलिस मुख्यालय में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी पुलिस अधीक्षकों के साथ चिटफंड प्रकरणों, राजनैतिक एवं आदिवासियों से प्रकरणों की वापसी, गांजा एवं शराब की अवैध तस्करी, जुआ-सट्टा समेत विभिन्न विषयों पर समीक्षा की। उन्होंने सभी पुलिस अधीक्षकों को निर्देशित किया कि चिटफंड के प्रकरणों पर तेजी से कार्य करें। गांजा एवं अन्य मादक पदार्थों की अवैध तस्करी के साथ राज्य में होने वाली खपत पर भी विशेष नजर रखें । पुलिस महानिदेशक ने कहा, मैं स्वयं प्रत्येक 10 दिन में उक्त मामलों की समीक्षा करूंगा ।
पुलिस महानिदेशक ने कहा, क्राईम का डेटाबेस सैदव अपडेट रखें। घटित अपराधों, उन पर हुई कार्रवाई एवं लंबित प्रकरणों की अद्यतन जानकारी रखें इससे अपराध कम करने में सहायता मिलती है। सभी रेंज आईजी और पुलिस अधीक्षक अपने स्तर पर लंबित मामलों की लगातार समीक्षा करें और उनका निराकरण करें। पुलिस महानिदेशक ने सभी पुलिस अधीक्षकों को निर्देश दिये कि अपने जिले के हॉट स्पॉट पर विशेष ध्यान दें। शहर के ऐसे स्थान जहां पर अपराध ज्यादा घटित होते हैं या ज्यादा संभावनायें हैं ऐसी जगहों पर विशेष सतर्कता बरतें । इसके साथ ही ऐसे स्थानों को चिह्नित कर वहां प्रतिदिन शाम को पुलिस की मौजूदगी दिखनी चाहिये। सभी पुलिस अधीक्षक अपने जिलों के थानों का नियमित निरीक्षण करें । थानों में आम नागरिकों के साथ शालीन और सम्मानजनक व्यवहार होना चाहिये। सभी पुलिस अधीक्षक अपने कार्यालय में पर्याप्त समय दें और नागरिकों की समस्याएं सुनकर उनका निराकरण करें ।
आंकड़े कम करने के बजाय लोगों को दिलाएं न्याय
जुनेजा ने कहा, छत्तीसगढ़ शांति प्रिय राज्य है । यहां सांप्रदायिक घटनाएं किसी भी कीमत पर नहीं होनी चाहिये । असामाजिक तत्वों की लिस्ट बनाकर रखें जो भी ऐसी घटनाओं में संलिप्त पाये जाएं उन पर सख्त कार्रवाई करें । उन्होंने कहा, अपराधियों के संरक्षण और भ्रष्टाचार की शिकायतों पर जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी । पुलिस महानिदेशक ने कहा, वर्ष के अंत में आंकड़े कम करना उद्देश्य नहीं होना चाहिये बल्कि प्रकरणों को शीघ्रता से निराकरण कर लोगों को न्याय दिलायें । उन्होंने महिला विरूद्ध अपराधों पर संवेदनशीलता के साथ महिला एवं बाल अपराधों पर तत्काल कार्रवाई करें । इसके साथ ही धर्मांतरण से जुड़े मुद्दे, सांप्रदायिक घटनाओं, भूमि विवाद जैसे संवेदनशील मामलों पर विशेष सतर्कता के साथ तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिये ।
सप्ताहिक अवकाश पर दें रिपोर्ट
उन्होंने कहा, जिला स्तर पर पुलिसकर्मियों की समस्याओं का निराकरण करें । उन्होंने पुलिसकर्मियों को मिलने वाले वीकली ऑफ पर सभी जिलों को अगले 10 दिन में रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिये हैं । बैठक में एडीजी हिमांशु गुप्ता, आईजी डॉ आनंद छावड़ा, आईजी एससी द्विवेदी, एआईजी एम एल कोटवानी, एआईजी मनीष शर्मा उपस्थित रहे ।