रायपुर, 9 जुलाई। छत्तीसगढ़ सरकार ने गुरुवार को भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) अधिकारियों के कार्यभार में बड़ा बदलाव करते हुए कई महत्वपूर्ण पदों पर नई पदस्थापनाएं की हैं। सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) द्वारा जारी आदेश में गौरेला-पेंड्रा-मरवाही (GPM) के कलेक्टर समेत कई वरिष्ठ अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।


आदेश के मुताबिक GPM कलेक्टर संतोष कुमार देवांगन को स्कूल शिक्षा विभाग में विशेष सचिव बनाया गया है। वहीं तकनीकी शिक्षा विभाग के संचालक विजय दयाराम को हटा कर गौरेला-पेंड्रा-मरवाही का नया कलेक्टर नियुक्त किया गया है।इसी तरह महासमुंद जिला पंचायत के सीईओ हेमंत नंदनवार को तकनीकी शिक्षा, रोजगार एवं प्रशिक्षण विभाग का अपर संचालक बनाया गया है।
जिला कलेक्टर संतोष देवांगन ने गौरेला पेंड्रामरवाही जिले की एक पहचान बनाई थी, विष्णु भोग चावल से लेकर योजना को धरातल पर लागू किया गया था, पिछड़े क्षेत्रों में दौरा कर लाभार्थियों को PM आवास पहुंचाई थी ,जनगणना को लेकर प्रदेश में नंबर 1 पर लाया था।
उनके स्थान पर उन्हें छत्तीसगढ़ राज्य कोशल विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) का अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया है।वहीं दुर्ग नगर निगम आयुक्त सुमित अग्रवाल को छत्तीसगढ़ राज्य शहरी विकास अभिकरण (SUDA) का मुख्य कार्यपालन अधिकारी बनाया गया है। वर्तमान CEO ऋतुसिंधु एक्का को इस अतिरिक्त प्रभार से मुक्त कर दिया गया है।इसके अलावा अनुपमा आनंद, जो वर्तमान में महासमुंद की अपर कलेक्टर हैं, को जिला पंचायत महासमुंद का मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) नियुक्त किया गया है।कौन कहां भेजे गएसंतोष कुमार देवांगन – कलेक्टर GPM से विशेष सचिव, स्कूल शिक्षा विभाग।विजय दयाराम – संचालक तकनीकी शिक्षा से कलेक्टर GPM।हेमंत नंदनवार – CEO जिला पंचायत महासमुंद से अपर संचालक, तकनीकी शिक्षा एवं अतिरिक्त CEO, राज्य कोशल विकास प्राधिकरण।सुमित अग्रवाल – आयुक्त नगर निगम दुर्ग से CEO, SUDA।अनुपमा आनंद – अपर कलेक्टर महासमुंद से CEO, जिला पंचायत महासमुंद।सरकार के इस प्रशासनिक फेरबदल को आगामी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और प्रशासनिक कसावट की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। खासतौर पर GPM, SUDA और जिला पंचायत महासमुंद जैसे महत्वपूर्ण पदों पर नई नियुक्तियों से प्रशासनिक गतिविधियों में तेजी आने की उम्मीद है।