रायपुर/23 मई 2026। बिगड़ती कानून व्यवस्था और बढ़ते अपराध को लेकर सवाल उठाते हुए प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ प्रवक्ता सुरेंद्र वर्मा ने कहा है कि एक तरफ सरकार सुशासन तिहार मना रही है, दूसरी तरफ राजधानी सहित पूरे प्रदेश में हत्याओं का दौर रूक नहीं रहा है। रायपुर के चूनाभट्टी इलाके में चाकू मारकर एक युवक की हत्या कर दी गई, राजधानी से लेकर दुर्ग और गृह मंत्री के गृह जिले कवर्धा तक चाकूबाजी और हत्या इस सरकार की अक्षमता का प्रमाण है। भाजपा के कुशासन में छत्तीसगढ़ अपराधगढ़ बन चुका है और राजधानी रायपुर क्राइम कैपिटल। हत्या, लूट, डकैती, अपहरण, चाकूबाजी और महिलाओं के खिलाफ अपराध जैसी हिंसक घटनाओं में लगातार वृद्धि हो रही है। प्रदेश में कानून-व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति और खुलेआम हो रही आपराधिक वारदातों, गैंगवार और दहशतगर्दी के कारण आम जनता में भय का माहौल है।प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ प्रवक्ता सुरेंद्र वर्मा ने कहा है कि बढ़ते अपराधों का प्रमुख कारण इस सरकार द्वारा नशे के कारोबार को दिया जाने वाला संरक्षण है, जिसकी वजह से हिंसक वारदातें बढ़ रही है। रायगढ़, कोरबा, रायपुर, दुर्ग और बिलासपुर सहित पूरे प्रदेश में दिन-दहाड़े हत्या और चाकूबाजी की घटनाओं में बेतहाशा वृद्धि हुई है। सरेआम हो रही हिंसक वारदातों से पुलिस व्यवस्था, प्रशासन और सरकार की क्षमता पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। नशे का अवैध कारोबार चिंता का प्रमुख कारण बन गया है। प्रदेश में भाजपा की सरकार आने के बाद से अवैध शराब, अफीम की खेती और सूखे नशे (जैसे नशीली गोलियां व पाउडर) का कारोबार तेजी से फैला है, जिससे युवा पीढ़ी प्रभावित हो रही है। भाजपा की सरकार में कानून और पुलिस का खौफ अपराधियों में खत्म हो गया है।प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ प्रवक्ता सुरेंद्र वर्मा ने कहा है कि सरकार की अकर्मण्यता से अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हैं कि खुलेआम सोशल मीडिया पर दहशत फैलाया जा रहा है। बदमाशों और अपराधियों द्वारा सोशल मीडिया पर हथियार लहराते हुए रील बनाकर खुलेआम धमकियां देने का नया ट्रेंड चल पड़ा है, जिस पर पुलिस नकेल कसने में पूरी तरह नाकाम है। राजधानी रायपुर के तेलीबांधा श्याम नगर इलाके में पूरे मुहल्ले का लाईट गोल कर गैंगवार किया गया, दिन दहाड़े चाकूबाजी, गोलीबारी, गैंगवार हो रहे हैं, अंतरराष्ट्रीय शूटरों की आमद छत्तीसगढ़ में हो चुकी है, कुख्यात गिरोह के गुर्गों की पनाह स्थली बन चुकी है लेकिन अपराध नियंत्रण के बजाय यह सरकार हाथ पर हाथ धरे बैठी है।