पश्चिम बंगाल। विधानसभा चुनावों के बीच EVM और स्ट्रॉन्ग रूम में कथित छेड़छाड़ के आरोपों को चुनाव आयोग ने सिरे से खारिज कर दिया है। राज्य के मुख्य चुनाव अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल ने स्पष्ट किया कि किसी भी स्ट्रॉन्ग रूम का CCTV बंद नहीं किया गया और पूरी व्यवस्था पारदर्शी तरीके से संचालित हुई।उन्होंने बताया कि सभी स्ट्रॉन्ग रूम की लाइव फुटेज लगातार रिकॉर्ड और राजनीतिक दलों को उपलब्ध कराई जा रही थी।
कुल 8 स्ट्रॉन्ग रूम में से 7 में EVM मशीनें सुरक्षित रखी गई हैं, जबकि एक में पोस्टल बैलेट रखे गए हैं।
चुनाव अधिकारी के अनुसार, पोस्टल बैलेट वाले स्ट्रॉन्ग रूम को नियमों के तहत खोला गया, जिसकी पूर्व सूचना सभी उम्मीदवारों और राजनीतिक दलों को दे दी गई थी। सुरक्षा के लिए तीन-स्तरीय घेरा बनाया गया था और दलों के प्रतिनिधियों को बाहर से निगरानी की अनुमति थी।शाम करीब 4 बजे तीन उम्मीदवार मौके पर पहुंचे और निरीक्षण किया।
उन्होंने पाया कि EVM वाले सभी स्ट्रॉन्ग रूम पूरी तरह सील थे, जबकि पोस्टल बैलेट वाला कक्ष नियम अनुसार खुला हुआ था। निरीक्षण के बाद वे संतुष्ट होकर लौट गए।चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह सुरक्षित और पारदर्शी है तथा EVM से छेड़छाड़ के आरोप निराधार हैं।