रायपुर : 13 सितंबर 2025,छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में ड्रग्स पार्टियों के बाद अब न्यूड पार्टी के आयोजन पर बवाल हो रहा है। एक पोस्टर सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है।दरअसल रायपुर में 21 सितंबर की रात न्यूड पार्टी के आयोजन के पोस्टर सोशल मीडिया पर अलग अलग अकाउंट से वायरल हो रहे हैं। पोस्टर्स में लड़के लड़कियों को बिना कपड़ों के पार्टी में शामिल होने का इनविटेशन दिया गया है, जिसे लेकर अब राजधानी में बवाल मचा हुआ है।
न्यूड पार्टी के वायरल पोस्टर्स में अलग अलग दावे किए गए हैं जैसे आयोजन में पूल पार्टी होगी, ड्रग्स परोसे जाएंगे, साथ ही अन्य कई अश्लील कार्यक्रमों का आयोजन भी किया जाएगा। इसको लेकर कांग्रेस अब सरकार पर शहर के लॉ एंड आर्डर को लेकर सवाल खड़े कर रही है।
न्यूड पार्टी, स्ट्रेंजर पार्टी और हाउस पूल पार्टी जैसे नामों से किया जा रहा युवाओं को आकर्षित।
दरअसल इंस्टाग्राम औऱ दूसरे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पिछले कुछ दिनों से कथित “न्यूड पार्टी”, “स्ट्रेंजर पार्टी” और हाउस पूल पार्टी जैसे आयोजनों के विज्ञापन वायरल हो रहे हैं। बताया जा रहा है कि अलग अलग नामों की इन पार्टीयों के इनविटेशन के जरिये युवाओं को ओपन सेक्स का लालच देकर आकर्षित किया जा रहा है। पोस्टर में पार्टी की तारीख 21 सितंबर और समय भी दर्ज है। लेकिन पोस्टर्स में पार्टी का स्थान नही बताया गया है।
काँग्रेस और शिवसेना (शिंदे) ने किया आयोजन का विरोध, सबक सिखाने की कही बात।
न्यूड पार्टी के पोस्टर्स वायरल होने के बाद से ही काँग्रेस और शिवसेना (शिंदे गुट) ने इस तरह का कोई भी अश्लील आयोजन रायपुर में ना होने देने की चेतावनी दे रहे हैं। शिवसेना (शिंदे) के प्रदेश अध्यक्ष धनंजय सिंह परिहार ने कहा कि जो भी लोग इस तरह से समाज मे अश्लीलता फैलाने की कोशिश कर रहे हैं उन्हें इस तरह का कोई भी आयोजन शिवसैनिक नही करने देने। इसके साथ ही शिवसेना ऐसे लोगों को सही सबक भी सिखाएगी। वहीं काँग्रेस ने भी सरकार को घेरते हुए सवाल किया कि आखिर छत्तीसगढ़ में लॉ एंड ऑर्डर के लिए कौन जिम्मेदार है। काँग्रेस ने कहा कि सरकार ने पहले शराब सस्ती कर युवाओं को शराबी बनाया, उसके बाद प्रदेश में पाकिस्तानी ड्रग्स का चलन शुरू हुआ और अब अश्लील पार्टीया खुलेआम हो रही हैं। काँग्रेस ने सवाल किया कि आखिर इन लोगों को संरक्षण कौन दे रहा है..?
(हमारी hns24news.com इस तरह के खबरों की पुष्टि नहीं करती है)
इस तरह की आयोजन से समाज का स्तर नीचे गिरता है,युवाओं पर गलत प्रभाव पड़ता है।