रायपुर।कांग्रेस समन्वय समिति की बैठक में मिशन 2023 को लेकर सत्ता और संगठन के बीच समन्वय को लेकर चर्चा की गई। बैठक में छत्तीसगढ़ प्रभारी पीएल पुनिया ने पीसीसी को मिले विधायकों और संगठन के पदाधिकारियों के परफॉर्मेंस रिपोर्ट को सामने रखा। रिपोर्ट में यह बात सामने आई कि विधायकों के परफारमेंस में कमी पाई गई है। पुनिया ने इसे लेकर साफ कहा विधानसभा चुनाव के मद्देनजर सत्ता और संगठन के बीच समन्वय बनाकर इन कमियों को दूर करने कहा गया है।
प्रदेश कांग्रेस की उच्च स्तरीय समन्वय समिति की बैठक शनिवार को प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन में हुई। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने संगठन के द्वारा प्रदेश के सभी विधायकों की परफार्मेंस रिपोर्ट रखी गई। उन्होंने बताया कि सरकार के रहते हुए भी क्षेत्रों में विधायकों के द्वारा संगठन के द्वारा दिए गए काम नहीं किए जा रहे हैं। सरकार की योजनाओं के प्रचार-प्रसार और सदस्यता अभियान के दौरान भी उनकी सक्रियता कम रही। आने वाले चुनाव को देखते हुए विधायकों को अपनी सक्रियता बढ़ानी होगी। रिपोर्ट कार्ड में रही कमियों को पूरा करने अब भी उनके पास समय है। चुनाव के पूर्व अपने क्षेत्रों में जाकर सरकार और संगठन के कार्यों को प्रचार करने के अलावा पार्टी की नीति के अनुरूप काम करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा, कि ऐसा करने से आने वाले डेढ़ साल के समय में सब कुछ ठीक करने की कोशिश रहेगी। बैठक में प्रदेश प्रभारी पीएल पुनिया, मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, प्रभारी सचिव डॉ. चंदन यादव, सप्तगिरी शंकर उल्का, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम, मंत्री टीएस सिंहदेव, मंत्री ताम्रध्वज साहू, डॉ. शिवकुमार डहरिया, विधायक एवं पूर्व प्रदेश अध्यक्ष धनेन्द्र साहू, विधायक एवं पूर्व कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष सत्यनारायण शर्मा सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।
मिशन 2023 की रणनीति बनी -मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल बैठक के बाद ने कहा कि 2023 के विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर संगठन की महत्वपूर्ण बैठक थी। खैरागढ़ चुनाव की रणनीति 2023 के विधानसभा चुनाव में भी अपनाए जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि ये उपचुनाव था। अब आम चुनाव है दोनों में अंतर है। वन डे और 20-20 अलग-अलग होता है। आगामी चुनाव की तैयारियां को लेकर विस्तार से रणनीति तैयार होगी।
10 समितियों का गठन
प्रदेश प्रभारी पीएल पुनिया की अध्यक्षता में हुई बैठक में प्रदेश में 2023 में होने वाले विधानसभा चुनाव को तैयािरयों पर चर्चा की गई। संगठन की ओर से चुनाव को लेकर 10 समितियों को गठन किया गया है। समितियों को पूरे प्रदेश के विधानसभा क्षेत्रों में तय समय में दिए गए टारगेट को पूरा करने की जिम्मेदारी दी गई है। बताया समितियों के प्रभारियों को अलग-अलग क्षेत्रों में पार्टी की सक्रियता बढ़ाने की ओ ध्यान देने कहा गया है।
निष्क्रिय पदाधिकारियों को हटाए
प्रदेश प्रभारी पीएल पुनिया ने कांग्रेस मोर्चा प्रकोष्ठों के अध्यक्षों के कामकाज की भी समीक्षा में यह पाया कि संगठन द्वारा दिए गए कार्यों को पूरा करने कोताही बरती जा रही है। उन्होंने कहा कि ऐसे पदाधिकारी जो संगठन के काम में निष्क्रियता बरत रहे हैं ऐसे लोगों को तत्काल पद से हटाकर नए लोगों को कमान सौपी जाए। पार्टी की सदस्यता अभियान के दौरान यह देखा गया कि अधिकांश बूथों में सदस्य बनाने में कोई रूचि नहीं दिखाई गई, इसके कारण मैन्यूअल सदस्यों की संख्या कम रही।