लखनऊ(उप्र) : नियमों की अवहेलना कर जालसाजी से नियुक्ति के मामले में लखनऊ यूनिवर्सिटी के 2 पूर्व कुलपतियों समेत 5 पर एफआईआर (FIR) दर्ज की गई है। सूत्रों के मुताबिक .लखनऊ के हसनगंज थाने में डॉ प्रशांत पांडेय ने ये एफआईआर दर्ज कराई है. इसमें पूर्व कुलपति एसपी सिंह, आरपी सिंह, पूर्व कुलसचिव अनिल दमेले, वर्तमान कुलसचिव एसके शुक्ला पर एफआईआर दर्ज की गई है. इसके अलावा कविता चतुर्वेदी समेत अन्य पर भी एफआईआर हुई है. जानकारी के अनुसार धोखाधड़ी, जालसाज़ी की धाराओं में ये एफआईआर दर्ज की गई है.
एफआईआर में कहा गया है कि लखनऊ यूनिवर्सिटी में कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर जालसाजी कर मनवांछित लोगों को प्रवक्ता के पद पर चयन का रैकेट चलाया गया. इसमें कविता चतुर्वेदी को बिना किसी अर्हता के नियुक्ति दी गई. यही नहीं कविता की नियुक्ति को सही ठहराने के लिए एलयू के अधिकारियों ने दस्तावेजों में हेरफेर की. प्रशांत पांडेय के अनुसार आरटीआई के तहत मांगी गई सूचना को देने से इंकार किया गया.