रायपुर, 1 मार्च 2026।विष्णु देव साय ने आज बिलासपुर जिले के बिल्हा विकासखंड अंतर्गत रहंगी में ‘कृषक उन्नति योजना’ के तहत आयोजित वृहद किसान सम्मेलन में पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की जनता ने कांग्रेस का कार्यकाल देखा है, जब किसानों को बारदाने के लिए भटकना पड़ता था, लेकिन आज राज्य में ऐसी स्थिति नहीं है।मुख्यमंत्री साय ने कहा कि कांग्रेस सरकार किसानों को समय पर बारदाना तक उपलब्ध नहीं करा पा रही थी। हमने जूट कमिश्नर के माध्यम से समय पर पर्याप्त बारदाना उपलब्ध कराकर इस समस्या को पूरी तरह समाप्त किया। अब किसानों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होती।उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार अंतर की राशि चार-चार किस्तों में देती थी और एक किस्त तो गोल भी कर दी गई थी। जबकि हमारी सरकार धान खरीदी समाप्त होते ही सप्ताह-दस दिन के भीतर अंतर की राशि का एकमुश्त भुगतान करती है।

उन्होंने बताया कि एमएसपी के तहत 33,431 करोड़ रुपए का भुगतान 48 घंटे के भीतर किसानों के खातों में किया गया।मुख्यमंत्री ने कहा कि आज छत्तीसगढ़ में 3100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी की जा रही है, जो देश में सर्वश्रेष्ठ व्यवस्थाओं में से एक है। अधिया, रेगहा, पब्लिक ट्रस्ट और वनभूमि के पट्टेदारों से भी धान खरीदी की जा रही है। 5.62 हजार से अधिक भूमिहीन कृषि मजदूरों को प्रतिवर्ष 10 हजार रुपए की सहायता दी जा रही है।सिंचाई के मुद्दे पर कांग्रेस को घेरते हुए मुख्यमंत्री साय ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने पांच वर्षों में मात्र 5,700 करोड़ रुपए की स्वीकृति दी, जबकि हमारी सरकार ने दो वर्षों में ही 10,700 करोड़ रुपए स्वीकृत किए।
@CM Vishnu Dev Say ने कहा इससे स्पष्ट है कि हमारी प्राथमिकता किसानों के खेत तक पानी पहुंचाना है।गौठान योजना पर प्रहार करते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के समय गौठान के नाम पर सिर्फ साइन बोर्ड थे। न वहां गाय थीं, न वर्मी कम्पोस्ट और न ही खाद। यह कांग्रेस के कार्यकाल का एक बड़ा घोटाला था।मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को सस्ती पूंजी उपलब्ध कराने के लिए पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार ने किसान क्रेडिट कार्ड योजना शुरू की थी, जिसका लाभ आज करोड़ों किसान उठा रहे हैं।
सहकारी बैंकों का ब्याज 16-18 प्रतिशत से घटाकर 7 प्रतिशत, फिर 3 प्रतिशत किया गया और आज किसानों को ब्याज मुक्त ऋण मिल रहा है।उन्होंने बताया कि प्रदेश के 26 लाख किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के तहत एक वर्ष में 10 हजार करोड़ रुपए से अधिक का भुगतान हुआ है। इस वर्ष के बजट में 13,507 करोड़ रुपए कृषि क्षेत्र के लिए निर्धारित किए गए हैं, जो कुल बजट का 8 प्रतिशत है।मुख्यमंत्री साय ने कहा कि सुशासन की सरकार का एकमात्र लक्ष्य अन्नदाताओं को सशक्त, समृद्ध और आत्मनिर्भर बनाना है।
किसानों की आय बढ़े, खेतों तक पानी पहुंचे और मेहनत का पूरा सम्मान मिले—इसी संकल्प के साथ राज्य सरकार निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि किसानों के सहयोग और आशीर्वाद से छत्तीसगढ़ विकास और समृद्धि के नए आयाम स्थापित करेगा।