नई दिल्ली: भारत अमेरिका व्यापार फ्रेमवर्क समझौते पर भारत के कॉमर्स मिनिस्टर @PiyushGoyal का बयान –
“PM @NarendraModi जी की अहम लीडरशिप में, भारत US के साथ एक अंतरिम एग्रीमेंट के लिए एक फ्रेमवर्क पर पहुँच गया है। इससे भारतीय एक्सपोर्टर्स, खासकर MSMEs, किसानों और मछुआरों के लिए $30 ट्रिलियन का मार्केट खुलेगा। एक्सपोर्ट में बढ़ोतरी से हमारी महिलाओं और युवाओं के लिए लाखों नए जॉब के मौके बनेंगे।
इस फ्रेमवर्क के हिस्से के तौर पर, US भारतीय सामानों पर रेसिप्रोकल टैरिफ को घटाकर 18% कर देगा, जिससे दुनिया की सबसे बड़ी इकॉनमी में टेक्सटाइल और अपैरल, लेदर और फुटवियर, प्लास्टिक और रबर प्रोडक्ट्स, ऑर्गेनिक केमिकल्स, होम डेकोर, आर्टिसनल प्रोडक्ट्स और कुछ खास मशीनरी जैसे खास सेक्टर्स में एक बड़ा मार्केट मौका मिलेगा।
इसके अलावा, जेनेरिक फार्मास्यूटिकल्स, जेम्स और डायमंड्स, और एयरक्राफ्ट पार्ट्स समेत कई तरह के सामानों पर टैरिफ ज़ीरो हो जाएगा, जिससे भारत की एक्सपोर्ट कॉम्पिटिटिवनेस और मेक इन इंडिया को और बढ़ावा मिलेगा।
भारत को एयरक्राफ्ट पार्ट्स पर सेक्शन 232 के तहत छूट, ऑटो पार्ट्स पर टैरिफ रेट कोटा और जेनेरिक फार्मास्यूटिकल्स पर बातचीत के नतीजों से भी छूट मिलेगी, जिससे इन सेक्टर्स में एक्सपोर्ट में अच्छा फायदा होगा।
साथ ही, यह एग्रीमेंट किसानों के हितों की रक्षा करने और मक्का, गेहूं, चावल, सोया, पोल्ट्री, दूध, पनीर, इथेनॉल (फ्यूल), तंबाकू, कुछ सब्जियां, मीट वगैरह जैसे सेंसिटिव खेती और डेयरी प्रोडक्ट्स को पूरी तरह से बचाकर गांवों में रोजी-रोटी बनाए रखने के भारत के कमिटमेंट को दिखाता है।
यह एग्रीमेंट भारत और US को आर्थिक सहयोग को और गहरा करने के लिए मिलकर काम करने पर फोकस रखने में मदद करेगा, जो हमारे लोगों और बिजनेस के लिए सस्टेनेबल ग्रोथ के लिए साझा कमिटमेंट को दिखाता है।विकसित भारत को साकार करने की ओर!”